Bad Behavior With Children Can Be Dangerous- मत करे बच्चों के साथ ऐसा व्यवहार नही तो परिणाम आपके लिए घातक होंगे

Bad Behavior With Children Can Be Dangerous- मत करे बच्चों के साथ ऐसा व्यवहार नही तो परिणाम आपके लिए घातक होंगे

    1    डराए  धमकाए ना–  Never Bullying Them.

Behavior With Children- कहते हैं बच्चे भगवान (god) का रूप होते है। जिस तरह हम भगवान को प्यार (love and respect) और श्रद्धा से प्रसन्न करते हैं, ठीक वैसा ही व्यवहार (same behavior) हमें अपने बच्चों के साथ भी करना चाहिए। कई लोग जोर जबरदस्ती या फिर मारपीट (beating) कर बच्चों को धमकाते हैं जो कभी नहीं करना चाहिए। ऐसा करने से बच्चे मानसिक रूप से (mentally weak) कमजोर होने लगते हैं।

बच्चे को पढ़ाने से पहले करें खुद को तैयार

    2    दूसरों से तुलना ना करें Never Compare With Other Childrens.

आजकल बच्चों में बहुत कॉम्पिटीशन (competition) है। पढ़ाई से लेकर अन्य गतिविधियों (other activities) में बच्चे खूब बढ़—चढ़कर भाग (participate) ले रहे हैं। ऐसे में अगर आपका बच्चा किसी चीज में कमजोर (weak in something) है तो उसकी दूसरों से तुलना कर उसे दबाएं ना। बल्कि अपने बच्चे का हौंसला (encourage your child) बढ़ाएं और उसका खानपान अच्छा कर उसे मानसिक और शारीरिक रूप (make your child stronger physically and mentally) से मजबूत बनाएं।

    3    चिड़चिड़ा  ना करें Never Irritate Them.

जबरदस्ती किसी बात को लेकर अपने बच्चे (no forcefully pressurize your child) पर दबाव ना डालें। कई बार ऐसा होता है कि माता—पिता अपने बच्चे पर इतना प्रेशर (pressure) डाल देते हैं कि बच्चा उसे पूरा नहीं कर पाता है और चिड़चिड़ा (irritate) हो जाता है। अगर माता पिता ज्यादा प्रेशर (pressure) डालते हैं तो ऐसी स्थिति में बच्चा या तो हमेशा चिड़चिड़ा (angry or irritate) रहने लगता है और या फिर मायूस (sad) होकर अपने आप में ही खोया (living alone) रहता है।

    4    हमेशा पढ़ने को ना कहे Dont Talk About Study Only.

ऐसा नही हैं कि जो बच्चा दिन में 5 या 6 घंटे पढ़ाई करेगा वहीं (smart) होशियार है। कोशिश करें (try) कि आपका बच्चा भले ही 2 घंटे पढ़ें लेकिन मन (focus on study) लगाकर पढ़ें। बच्चों को बीच-बीच में खेलने कूदने (playing) और खाने-पीने (eating) का समय भी दें। सिर्फ पढ़ाई (study) कर के ही बच्चों का सम्पूर्ण विकास (no complete wroth possible) सम्भव नहीं है।

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     5    खुद से तुलना ना करें Never Compare With Yourself.

आप चाहे मानें या ना मानें आज का वक्त पहले. (time has changed) से बहुत बदल गया है। इसलिए अपने बच्चों की खुद. (never comparison with your child) से तुलना ना करें। कई परिजन .(parents) ऐसे होते हैं तो ज्यादा खेलते या शरारत करते बच्चोें को डांटने. (scolding) के साथ अपने वक्त की. (own time) बात बताते हैं। ऐसे परिजन चाहते हैं कि जैसे अपने. (live in old time) समय में वो रहते थे वैसे ही उनके बच्चे भी करें। लेकिन ऐसा होना संभव. (not possible) नहीं है। आज का समाज टैक्नालॉजी से लैस. (technology)  है। ऐसे में बच्चों का अन्य गतिविधियों. (other activities) में शामिल होना लाजमी है।

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