8 Reasons of Sudden Low Bleeding in Periods – जानिये 8 कारण अचानक से माहवारी में कम रक्तस्त्राव होने के

8 Reasons of Sudden Low Bleeding in Periods- जानिये 8 कारण अचानक से माहवारी में कम रक्तस्त्राव होने के

महिलाओं को पीरियड से रिलेटेड (periods related problems) कई तरह की समस्‍याओं से गुजरना पड़ता है। जैसे पीरियड के दौरान पेट दर्द होना, शरीर में ऐंठन (stiffness in body) होना तो कभी कभी बुखार आ जाना। ऐसी कई तरह की समस्‍याएं जिससे उन दिनों में महिलाओं को अलग अलग तकलीफों (suffering from various types of problems) से गुजरना पड़ता है। अगर आपकी माहवारी में कुछ परिवर्तन (changes) हो जाए तो अधिक ब्‍लीडिंग होती है तो कभी कम ब्‍लीडिंग (less bleeding) होती है। पर हम आपको बता दें कि अचानक से लाइट ब्‍लीडिंग (light bleeding is not good) होना अच्‍छी बात नहीं होती है।

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क्योंकि लाइट ब्लीडिंग के कई कारण (so many reasons) हो सकते हैं। इन्हीं में से आज हम आपको 8 कारणों (reasons) से अवगत करा रहे हैं।

हार्मोनल परिवर्तन Hormonal Changes

शरीर में हॉर्मोनल परिवर्तन आपके महावारी में रक्तस्त्राव (bleeding) की मात्रा को बढ़ा या घटा (increase or decrease) सकते हैं। यदि आपकी माहवारी सामान्य थी (normal) और अब कम रक्तत्राव हो रहा है तो घबराये नहीं और (consult the doctor) डॉक्टर से परामर्श लें।

एस्ट्रोजन की मात्रा कम Lack of Estrogen

अधेड़ उम्र की महिलाएं  (old ladies) जो रजोनिवृति की पड़ाव पर पहुंच चुंकी हैं उन्हें भी हल्के रक्तस्त्राव का सामना (can face low bleeding) करना पड़ सकता है। क्योंकि इनके शरीर में एस्ट्रोजेन (estrogen) की मात्रा कम हो जाती है।

कम उम्र की लड़कियों के साथ With Young Age Girls

कम्र उम्र की लड़कियों में भी लाइट ब्लीडिंग की समस्या (problem of light bleeding) हो सकती है। खासकर उन लड़कियों (those girls) को जिन्हें हाल ही में महावारी शुरू हुई है। लाइट ब्लीडिंग के साथ है कई बार इन्हें माहवारी नहीं (no periods) भी होती है।

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जीवन शैली की वजह से Because of Life Style

जीवनशैली (life style) में बदलाव, शारीरिक क्रिया के बढ़ने-घटने या तनाव (stress) से भी रक्तस्राव की मात्रा पर प्रभाव (affect) पड़ता है।

हेल् इश्यू Health Issue

थायरॉइड कंडीशन (thyroid condition), खानपान, पोलिसिस्टिक ओवेरियन सिंड्रोम, स्वास्थ्य संबंधी परेशानियों (health related problems) से भी आपके महावारी पर प्रभाव पड़ता है।

कांट्रेसेप्टिव गोलियां Contraceptive Tablets

कांट्रेसेप्टिव गोलियों के सेवन से भी महावारी में बदलाव (change in periods) आता है जिससे रक्तस्त्राव की मात्रा में कमी (lack in bleeding) आ जाती है।

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म्यूकस डिस्चार्ज Mucous Discharge

प्रेग्नेंसी के दौरान भी कई बार महिलाओं (sometimes) में म्यूकस डिस्चार्ज होता है जो कि हल्के रक्तस्त्राव (slight bleeding) जैसा प्रतीत होता है। यदि ये ज्यादा मात्रा में हो तो तुरंत (consult the doctor immediately) डॉक्टर से सलाह लें।

डॉक्टर से मिले Consult the Doctor

प्रेग्नेंसी के दौरान पहले तिमाही (1st quarter) में भी हल्की ब्लीडिंग होती है जो कि मिसकैरिज के भी संकेत (sign of miscarriage) हो सकते हैं इसलिए इस मामले में भी आपको बिना लापरवाही (with negligence) फौरन डॉक्टरी सलाह लेनी चाहिए।

अगर आप इस समस्या से बचना चाहती हैं तो वक्त रहते ही इसका (treatment on time) इलाज करें। साथ ही कम रक्तस्त्राव के दौरान अदरक (ginger), दालचीनी, धनिया, अजवायन या गर्म चीजों (hot things) के अत्याधिक मात्रा में सेवन करने से बचें। ये भी जरूरी नहीं की हर महिलाओं की माहवारी की समस्‍या (problem of periods) एक सी हो। इसलिए किसी भी निष्कर्ष (results) पर पहुंचने से पहले अपने चिकित्सक (consult your doctor) से जरूर परामर्श कर लें।

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